एकला चलो रे..!

सदाग्रहएक विमर्श मंच है जहाँ प्रयास होगा विभिन्न समाधानों के लिए एक बौद्धिक पहल का...विमर्श से एक शांतिपूर्ण समाधान की खोज और एक अपील इसे अपनाने की सहभागी बंधुओं से....आपका रचनात्मक सहयोग अपेक्षित है...!

शनिवार, 17 अक्तूबर 2009

इस दीवाली एक सदाग्रह..

सदाग्रह इस दीवाली आप सभी से अपील करता है..
१. मोbapuमबत्ती नहीं दीप जलाएं.
२. पटाखों में मितव्ययिता बरतें.
३. अपने आस-पास के वातावरण को स्वच्छ बनायें.
४. इस दीवाली पर अपना पर्यावरण प्रेम व्यक्त करें.
५. खुशियाँ सामूहिक हो बाटें.
६. सेवा का कोई एक संकल्प लें.
७. सोने से पहले अपनी डायरी पर एक मंगल कामना लिखें.
८. अपने किसी पुराने अध्यापक का कुशल-क्षेम लें और दे बधाई और लें आर्शीवाद.
९. अपने पुराने कपड़े छाँट लें और इन्हें जरूरतमंद को दें.
१०. कोई एक कार्य अपनी आस्था से करें, शांत, सद्भावना से युक्त और प्रसन्न रहें.

आइये हम दीवाली मनाएं, बापू से प्रेरित होकर....दीवाली की आप सभी को अनगिन शुभकामनायें....
चित्र साभार: गूगल

5 टिप्‍पणियां:

ज्ञानदत्त पाण्डेय| Gyandutt Pandey ने कहा…

सह बात।

आपको मंगलमय हो जी दीपावली। मां महालक्ष्मी की कृपा रहे!

Udan Tashtari ने कहा…

सुख औ’ समृद्धि आपके अंगना झिलमिलाएँ,
दीपक अमन के चारों दिशाओं में जगमगाएँ
खुशियाँ आपके द्वार पर आकर खुशी मनाएँ..
दीपावली पर्व की आपको ढेरों मंगलकामनाएँ!

सादर

-समीर लाल 'समीर'

राजकुमार ग्वालानी ने कहा…

इस दीपावली में प्यार के ऐसे दीए जलाए

जिसमें सारे बैर-पूर्वाग्रह मिट जाए

हिन्दी ब्लाग जगत इतना ऊपर जाए

सारी दुनिया उसके लिए छोटी पड़ जाए

चलो आज प्यार से जीने की कसम खाए

और सारे गिले-शिकवे भूल जाए

सभी को दीप पर्व की मीठी-मीठी बधाई

समयचक्र - महेंद्र मिश्र ने कहा…

दीपावली पर्व की हार्दिक शुभकामना ..... साथ ही गोवर्धन पूजा की भी ...

Suman ने कहा…

nice